खोदावंदपुर/बेगूसराय। जिले के चेरिया बरियारपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत विक्रमपुर-सूर्यपूरा मुख्य पथ पर बिक्रमपुर पुल के समीप बुधवार की सुबह एक युवक का शव बरामद होने से इलाके में सनसनी फैल गई। मृतक की पहचान वीरपुर थाना क्षेत्र के नौला गांव स्थित वार्ड नंबर- 11 निवासी रंजीत सिंह के पुत्र सुजीत कुमार के रूप में की गई है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, सुजीत कुमार मंगलवार की रात करीब 8 बजे अपने घर से यह कहकर निकले थे कि वे अपनी नानी के घर मेघौल जा रहे हैं, लेकिन देर रात तक घर नहीं लौटने पर परिजनों को चिंता हुई। बुधवार की सुबह शौच के लिए निकले स्थानीय लोगों ने पुल के पास सड़क किनारे एक युवक का शव देखा, जिसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही चेरिया बरियारपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को अपने कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी। घटनास्थल से करीब 15 फीट की दूरी पर मृतक की क्षतिग्रस्त बाइक भी बरामद की गई है। वहीं पुलिस को मृतक का मोबाइल फोन विश्वकर्मा चौक के पास एक खेत में गड़ा हुआ मिला है, जिससे घटना को संदिग्ध माना जा रहा है। घटना की सूचना पर पुलिस निरीक्षक सुबोध कुमार, एसडीपीओ नवीन कुमार, थानाध्यक्ष ज्योति कुमार बसु, खोदावंदपुर प्रभारी थानाध्यक्ष सुबोध कुमार सहित अन्य अधिकारी मौके पर पहुंचे और मामले की जांच में जुट गए। फोरेंसिक टीम भी घटनास्थल पर पहुंचकर साक्ष्य एकत्र कर रही है।इधर, घटना से आक्रोशित स्थानीय लोग वरीय अधिकारियों को बुलाने की मांग पर अड़े रहे। ग्रामीणों ने अपराधियों की शीघ्र गिरफ्तारी एवं पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा देने की मांग की है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल बेगूसराय भेज दिया है। इधर, इस घटना के बाद मृतक के परिजनों में कोहराम मचा हुआ है। पुलिस सभी बिंदुओं पर जांच कर रही है और जल्द ही मामले का खुलासा करने का दावा कर रही है।
वहीं दूसरी ओर घटना से आक्रोशित लोगों ने बेगूसराय-रोसड़ा मुख्य पथ एस एच 55 को चेरिया बरियारपुर प्रखंड मुख्यालय के समीप जामकर यातायात ठप कर दिया, जिससे जामस्थल के दोनों ओर दर्जनों छोटे बड़ें वाहनों की लंबी कतारें लगी हुई थी, जिससे राहगीरों को काफी फजीहत झेलनी पड़ी। जामस्थल पर आक्रोशित लोगों ने बताया कि अस्पताल प्रबंधन के इलाज में लापरवाही के कारण युवक की मौत हो गई। उन्होंने बताया कि थाने की पुलिस ने युवक को जख्मी हालत में लगभग चार बजे सुबह में पीएचसी चेरिया बरियारपुर लाया, जहां करीब छह बजे में चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसी से आक्रोशित लोगों ने सड़क जाम कर दिया। जाम लगभग तीन घंटे तक रहीं। पुलिस पदाधिकारियों ने आक्रोशित लोगों को समझा बुझाकर शांत किया और दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई करने का आश्वासन दिया, उसके बाद सड़क जाम हटी और यातायात बहाल हुई।