Khodawandpur:- मुसलाधार बारिश से ग्रामीण सड़कों पर जलजमाव, स्कूली बच्चों व राहगीरों के आवागमन में हो रही परेशानी* *मामला बरियारपुर पश्चिमी पंचायत के विभिन्न वार्डों का*

खोदावंदपुर/बेगूसराय। गत तीन दिनों से हो रही मुसलाधार बारिश से ग्रामीण सड़कों पर जलजमाव लगा है. इससे स्कूली बच्चों व राहगीरों के आवागमन में काफी परेशानी हो रही है. इसका ताजा उदाहरण बरियारपुर पश्चिमी पंचायत के विभिन्न वार्डों के ग्रामीण सड़कों पर देखने को मिल रहा है. स्थानीय ग्रामीणों ने बताया कि इस पंचायत के वार्ड 12 और 13 की सीमावर्ती पर बनी ग्रामीण सड़कों पर लगभग 200 फुट की दूरी में सालोभर से पानी जमा हुआ है. इससे स्कूली बच्चों के अलावे राहगीरों को आने जाने में काफी दिक्कतें होती रहती है. उन्होंने बताया कि सड़क किनारे बने पक्की नाली अधूरे रहने व जल निकासी के रास्ते अवरुद्ध हो जाने के कारण नाली की पानी बाहर निकलकर ग्रामीण सड़क पर जमा हो जाती है, जिसके चलते पानी से अक्सर दुर्गंध निकलते रहती है. जलजमाव से दो, तीन व चार पहिया वाहन चालकों को भी काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है. इसी पथ में नागापोखर के समीप लगभग सौ फीट की दूरी में भी महिनों से जलजमाव है, जिससे पशुचारे लाने में किसानों को काफी परेशानी झेलनी पड़ती है. इसी पंचायत के वार्ड चार में ग्रामीण सड़क के दोनों ओर बने पक्की नाली जाम हो जाने के कारण सालोभर पानी जमा रहता है. जिससे लोगों को इस रास्ते से पैदल चलना भी मुश्किल हो गया है. वहीं मुख्य पथ एस एच 55 से सदर बाजार जानेवाली पथ में भी जलनिकासी की व्यवस्था नहीं रहने से पानी जमा हुआ है.घनी आबादी जाने वाले मुहल्ले में जलजमाव से खासकर छोटे छोटे बच्चों को काफी परेशानी होती है. महावीर चौक आने-जाने वाले राहगीरों को भी दिक्कतें होती रहती है. इसी पंचायत के गाछी टोल स्थित वार्ड नौ में पीसीसी पथ में कई ब्रेकर रहने के कारण बराबर पानी जमा रहता है, जिससे आमजनों को आने-जाने में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है. स्थानीय लोगों ने बताया कि पीसीसी पथ पर बने सभी ब्रेकर को तोड़कर सड़क किनारे पक्की नाली का निर्माण कर दिया जाय तो इस समस्या का सामाधान हो सकता है. इसी पंचायत के मेही सहनी टोल में पंचायत समिति मद की राशि से बनाये गये पीसीसी सड़क पर वर्षों से जलजमाव लगा रहता है, जिससे लोगों को काफी परेशानी होती है. मुहल्लेवासियों ने बताया कि तत्कालीन पंचायत समिति सदस्य द्वारा रात्रि के अंधेरे में पीसीसीकरण करवाया गया. और सामाग्री कम हो जाने के कारण शेष बचे सामाग्री से ही पथ को पूरा कर दिया गया. जिससे सड़क की लेवल नीचे हो गया और उसी समय से नवनिर्मित पीसीसी पथ पर पानी जमा रहता है. उन्होंने बताया कि इसकी सूचना कई बार तत्कालीन पंचायत समिति सदस्य व अन्य अधिकारियों को दिया गया, लेकिन किसी ने इस समस्या की ओर ध्यान देना मुनासिब नहीं समझें. वहीं इसी पंचायत के वार्ड 12 स्थित नन्दीवन टोल भी जलजमाव की समस्या से अछूता नहीं है. मुहल्ले-वासियों ने बताया कि इस समस्या को लेकर कई बार जनप्रतिनिधि व प्रशासन से शिकायत की गयी, लेकिन किसी ने इस समस्या की ओर ध्यान देना मुनासिब नहीं समझें. उन्होंने बताया कि जलजमाव की समस्या को लेकर विगत वर्षों स्थानीय लोगों के बीच आपस में नोकझोंक भी हुई थी, उस समय प्रखंड प्रशासन ने दल बल के साथ जेसीबी मशीन के सहयोग से तत्काल जलनिकासी की व्यवस्था की थी. परंतु तत्कालीन पंचायत प्रतिनिधि की लापरवाही व स्थानीय प्रशासन की उदासीनता से नूनूवती स्कूल के समीप आज तक पक्की नाली अधूरा पड़ा हुआ है.जिससे जलजमाव की समस्या अबतक यथावत बनी हुई है. ग्रामीणों ने बताया कि कुछ स्थानीय लोगों द्वारा बने पक्की नाली को अतिक्रमण कर जल निकासी के रास्ते को बंद कर दिया गया. अगर सड़क किनारे बने नाली व पुलिया को साफ- सफाई करवाया जायेगा तो इस समस्या का हरसंभव निराकरण हो सकता है.कहते हैं पंचायत के मुखिया:-
इस वर्ष अचानक मुसलाधार बारिश हुई है, जिसके कारण पंचायत क्षेत्र के कई ग्रामीण सड़कों, गलियों व घरों में जलजमाव हो गया.जलजमाव की समस्या मेरे कार्यकाल से पूर्व का ही है, हलांकि जलजमाव वाले स्थानों को चिन्हित कर लिया गया है. जल-निकासी की हरसंभव प्रयास किया जायेगा, ताकि जनता को जलजमाव की समस्या से निजात मिल सकें.
बाबू प्रसाद वर्मा, मुखिया, ग्राम पंचायत राज, बरियारपुर पश्चिमी, खोदावन्दपुर.